ENGLISH HINDI Sunday, October 21, 2018
Follow us on
ताज़ा ख़बरें
पुलिस स्मृति दिवस शहीद पुलिसकर्मियों को दी श्रद्धांजलि रोईंग चैम्पियनशिप में सीमावर्ती गांव के खिलाड़ी ने जीता गोल्ड मैडलतिजारा कब होगा समस्याओं से मुक्त, लोगों को आरोप— दवा तक उपलब्ध नहीं रोडवेज कर्मचारियों ने किया राजस्थान लोक परिवहन सेवा का विरोधगृह विभाग द्वारा अमृतसर हादसे की मैजिस्ट्रेट जांच की नोटिफिकेशन जारीअमृतसर ट्रेन ट्रेजेडी: राष्ट्रीय हिन्दू शक्ति संगठन की चंडीगढ़ इकाई ने हादसे में मारे गए लोगों को दी भावभीनी श्रद्धांजलि अमृतसर हादसे से मिला सबक, अब पंजाब में धार्मिक आयोजनों के लिए बनेगी गाइडलाइनजीरकपुर के ढकोली ग्रिड से 22 अक्तूबर को 8 घंटे बंद रहेगी बिजली आपूर्ति
धर्म

गहरे पानी पैठ से ही आनन्द की प्राप्ति: राज वासुदेव सिंह

August 21, 2017 03:47 PM

चण्डीगढ़, फेस2न्यूज:
जिसप्रकार समुन्द्र में जो गोताखोर मेहनत करके जितना गहराई में जाते हैं वे ही उसमें से उतने हीरे—मोती लेकर आते हैं उसी प्रकार इन्सान भी जितना परमात्मा की गहराई में जाता है वह उतना ही तन—मन—धन के सुखों के साथ—साथ आनन्द को भी प्राप्त करता है। ये उद्गार यहां दिल्ली से आए सन्त निरंकारी मण्डल प्रचार विभाग के इन्चार्ज श्रीमति राज वासुदेव सिंह ने सैक्टर 30 में स्थित सन्त निरंकारी सत्संग भवन में हुए विशाल सत्संग समारोह में उपस्थित श्रद्धालुओं को सम्बोधित करते हुए व्यक्त किए।
उन्होंने धार्मिक ग्रन्थों का हवाला देते हुए कहा कि आनन्द किसी धन—दौलत, विद्या या किसी अन्य कला आदि से प्राप्त नही किया जा सकता, इसे प्राप्त करने का आदि काल से केवल एक ही तरीका रहा है वह है सत्गुरू की शरण में जाकर ब्रह्मज्ञान प्राप्त करना और यह केवल मानुष जन्म में ही प्राप्त किया जा सकता है क्योंकि इस धरती पर रहने वाला हर इन्सान दो तरह का जीवन जी सकता है एक सांसारिक और दूसरा अध्यात्मिक जीवन, जबकि पशु.पक्षी केवल सांसारिक जीवन ही जी पाते हैं। इसी कारण केवल मानुष योनि में ही अवसर मिलता है। परमपिता परमात्मा जो उसका निज घर है जहां उसकी आत्मा ने इस शरीर को छोड़ने के बाद जाना है, की जानकारी हासिल कर ले अन्यथा उसके लिए मायारूपी संसार में जीवन यात्रा को आनन्दमयी तरीके से तय करने के साथ—साथ अन्त समय में मोक्षद्वार में प्रवेश करना भी असंभव हो जाता है।

कुछ कहना है? अपनी टिप्पणी पोस्ट करें
और धर्म ख़बरें
पंचकुला में धूमधाम से मनाई गई जन्माष्टमी चण्डीगढ़ में जन्माष्टमी की धूम: साईं मंदिर में बाल कृष्ण को मक्खन-मिश्री का भोग लगाया साईं मंदिर में जन्माष्टमी पर मक्खन-मिश्री का लगाया जाएगा भोग चैतन्य गौड़ीय मठ मंदिर में जन्माष्टमी पर्व की धूम: हर्षोल्लास और श्रद्धाभाव से मनाया जा रहा है मठ मंदिर में पर्व गौ माता की रक्षा के लिए आए गोपाल: शास्त्री पूर्वांचल सांस्कृतिक संघ चण्डीगढ़ की ओर से अखंड अष्टयाम पूजा सम्पन मंत्र शक्ति को करें जागृत: सुधांशु जी इन्सान कितने साल जिया बल्कि कैसे जी कर गया यह है महत्वपूर्ण श्रीमद्भागवत भगवत्स्वरूप का अनुभव कराने वाला व वेदों का सार हनुमान जयंती पर खेड़ा शिव मंदिर में सुंदरकांड पाठ का आयोजन