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राष्ट्रीय

अगुआनी बस स्टैंड पर लोकल की दादागिरी से यात्री परेशान, प्रशासन को खबर नहीं

June 27, 2019 07:36 PM

खगड़िया, संजय मिश्रा:
बिहार के खगड़िया जिले में अगुआनी घाट बस स्टैंड पर कुछ लोकल बाशिंदों के द्वारा यात्रियों के साथ दादागिरी का मामला सामने आया है जिसकी प्रशासन को भनक तक नहीं है।
खबर अनुसार अगुआनी के लोकल बासिन्दे अन्य जगहों के ऑटो चालकों को अगुआनी बस स्टैंड से गंगा घाट तक सवारी लेकर जाने ही नहीं देते है। बाहर के ऑटो चालक वैसे तो नार्मल सवारी लेकर अगुआनी बस स्टेण्ड में ही छोड़ते है लेकिन जब कोई महिला सवारी या बुजुर्ग सवारी अपने घर से ऑटो रिजर्व कर सीधे गंगा घाट तक जाना चाहते है तो ये लफंगे उन रिजर्व ऑटो को घाट पर जाने ही नहीं देते है और उन सवारियों को अगुआनी बस स्टेण्ड में उतरकर अपने ऑटो से गंगा घाट तक जाने को जबरदस्ती करते है। मना करने पर यात्रियों से गाली गलौच तक भी की जाती है इन लफंगों के द्वारा कई बार ऑटो चालकों से साथ मारपीट भी की जा चुकी है। इन बाहरी ऑटो चालकों को धमकी दी जाती है कि अगर उनकी बात अनसुना करके घाट तक सवारी ले गए तो वापसी में उनका ऑटो जब्त कर लिया जाएगा।
इस संवाददाता ने 20 जून परबत्ता से सुल्तानगंज तक का सफर इस रास्ते से किया तो इस तरह के दादागिरी का पता चला है। अभी अगुआनी घाट से सुल्तानगंज घाट के बीच गंगा नदी पर सेतु बनाने का काम चल रहा है। फिलहाल यात्री को अगुआनी बस स्टेण्ड से अगुआनी गंगा घाट तक करीब 2 किलोमीटर का सफर बालू वाली जमीन पर या तो पैदल चलकर या फिर इन लफंगों के ऑटो में मनमाना किराया देकर पूरा करना पड़ता है।
उम्मीद है कि प्रशासन इस बात को गंभीरता से लेगा एवं महिलाओं, बच्चों, बुजुर्गों, दिव्यांगों के हितों को देखते हुए लोकल लफंगों के इस दादागिरी को हमेशा के लिए ख़तम करेंगे।

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