ENGLISH HINDI Tuesday, February 25, 2020
Follow us on
 
ताज़ा ख़बरें
होलाष्टक रहेगा 3 मार्च से 9 मार्च तक, जानिए क्यों नहीं करते इसमें शुभ कार्य ?टीचर्स ने एग्जाम में नहीं दी ड्यूटी, अब बोर्ड ने बच्चों को जारी नहीं किए रोलनंबर: कुलभूषण शर्माफाइल पर देरी के लिए संबधित अधिकारी की जिम्मेदारी सुनिश्चित की जाएअखिल भारतीय पुलिस कुश्ती प्रतियोगिता में भाग लेने पहुंचे देशभर से खिलाड़ीपूर्व CIC हबीब उल्लाह ने सुप्रीम कोर्ट में कहा, शाहीन बाग शांतिपूर्ण सभा का संगमदृष्टि पंजाब ने 23 विद्यार्थी किए 11.50 लाख के अवार्ड से सम्मानितसोलन की पूर्व विधायक मेजर कृष्णा मोहिनी का निधन मूलभूत सुविधाएं न मिलने को लेकर शिवालिक निवासियों ने खोला कॉलोनाइजर के खिलाफ मोर्चा
राष्ट्रीय

जल जीवन मिशन की पहली कार्यशाला पंचकूला में

September 03, 2019 07:28 PM

चण्डीगढ़, फेस2न्यूज:
प्रधानमंत्री द्वारा स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर घोषित जल जीवन मिशन का उदेश्य देश के प्रत्येक ग्रामीण घर को वर्ष 2024 तक घरेलू नल कनेक्शन प्रदान करना है। यह कई राज्यों विशेष रूप से उत्तर प्रदेश जैसे बड़े राज्यों और हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू एवं कश्मीर जैसे पर्वतीय राज्यों संघ राज्य क्षेत्रों के लिए काफी चुनौतीपूर्ण कार्य है । यह बात आज पंचकूला में भारत सरकार के जल शक्ति मंत्रालय द्वारा आयोजित जल जीवन मिशन की पहली कार्यशाला को संबोधित करते हुए केन्द्रीय जल शक्ति तथा सामाजिक न्याय एवं आधिकारिता राज्यमंत्री रतन लाल कटारिया ने कही।
उन्होंने विश्वास जताया कि मिशन के अंतर्गत स्कीम की कुशल आयोजना करने, इसे डिजाईन करने और इसका कार्यान्वयन करने से यह चुनौतियां अवसर में बदल जाएंगी। इन चुनौतियों का सामना करने के लिए जल शक्ति मंत्रालय, पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के माध्यम से राज्यों की सहायता करने के लिए कटिबद्ध है। उन्होंने कहा कि इस कार्यशाला में राज्य, स्कीमों के कार्यान्वयन में आने वाली ज़मीनी स्तर की कठिनाईयों से हमें अवगत कराएं और बताएं कि उदेश्यों की प्राप्ति के लिए हमें कौन कौन से नए दृष्टिकोण अपनाने चाहिए। राज्य, विभिन्न स्तरों पर प्रस्तावित संस्थागत ढांचों के बारे में, भारत सरकार अैर जिला स्तर आदि पर विकास भागीदारों से अपेक्षित सहायता के विषय में अपने सुझाव दे सकते हैं।
इस क्षेत्रीय कार्यशाला में बताए गए मुद्दों पर विचार विमर्श किया जाएगा और जल जीवन मिशन के कार्यान्वयन के तौर-तरीकों को अंतिम रूप देने में हमारी मदद करने के लिए सुझाव सामने आएंगे ताकि राज्य और केंद्र साथ मिलकर प्रधानमंत्री द्वारा निर्धारित लक्ष्यों को प्राप्त कर सकें।
इस अवसर पर जल शक्ति मंत्रालय अपर सचिव, श्री भरत लाल ने इस मिशन से जुड़े विभिन्न गतिविधियों व चुनौतियों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार, राज्य सरकारों के साथ मिल कर प्रयासरत है कि नलों से जल की आपूर्ति हेतु ढांचा उपलब्ध कराना, मौजूदा जल संसाधनों में बढ़ौत्तरी करना, जल की गुणवत्ता में सुधार करने वाली तकनीकों का विकास, भूजल में आर्सेनिक व रसायनों कि मिश्रण की समस्या को दूर करना आदि जैसी चुनौतियों से निपटा जाए।
इस अवसर पर गुजरात के जल विशेषज्ञ, श्री आर.के. समा ने सामुदायिक सहयोग से पेयजल योजना को सुदृढ़ता से लागू करने के अपने अनुभव सांझा किए। पंजाब से जल विशेषज्ञ, श्रीमती जसप्रीत तलवार ने पंजाब राज्य में सामुदायिक प्रबंधन द्वारा पेयजल आपूर्ति योजना पर अपनी प्रस्तुति दी। इस कार्यशाला में हरियाणा के अपर मुख्य सचिव, श्री राजीव अरोड़ा, वित्त सचिव श्री संजीव कुमार ने भी संबोधित किया। कार्यशाला में भाग लेने वालों में पंजाब, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखण्ड, उत्तर प्रदेश तथा जम्मू व कश्मीर से आए जल आपूर्ति विभाग के वरिष्ठ अधिकारी तथा प्रतिनिधियों के अलावा यूनिसेफ और जल सहायक स्वयंसेवी संगठन तथा अन्य प्रतिभागी शामिल है।

कुछ कहना है? अपनी टिप्पणी पोस्ट करें
 
और राष्ट्रीय ख़बरें
पूर्व CIC हबीब उल्लाह ने सुप्रीम कोर्ट में कहा, शाहीन बाग शांतिपूर्ण सभा का संगम एक भारत—श्रेष्ठ भारत पर चित्र प्रदर्शनी मनसा देवी मंदिर परिसर में आयोजित दिल्ली के स्कूलों में रोबोट पढ़ायेंगे बच्चों को स्वच्छता का पाठ अंतर्राष्ट्रीय राजनीति का कुत्सित रूप कोरोना वायरस हिन्दू महासभा और हिन्दू संगठनों के लिए फ़िल्म द हंड्रेड बक्स की होगी स्पेशल स्क्रीनिंग फ़िल्म 'द हंड्रेड बक्स' की होगी स्पेशल स्क्रीनिंग आनुवांशिक सुधार व निवेश लागत घटाकर दुग्ध उत्पादन में वृद्धि के प्रयास भारत में फिल्मांकन को बढ़ावे के लिए प्रतिनिधिमंडल बर्लिलेन में हिस्‍सा लेगा रक्षा अध्ययन एवं विश्लेषण संस्थान का नाम बदलकर मनोहर पर्रिकर रक्षा अध्ययन एवं विश्लेषण संस्थान किया यूटी जम्मू एंड कश्मीर स्मार्ट स्कूल स्थापित करने के लिए सबसे बेहतर स्थान