ENGLISH HINDI Wednesday, November 20, 2019
Follow us on
 
ताज़ा ख़बरें
महिला आईटीआई स्टूडेंट्स को बांटे प्रमाण-पत्रफेरे से पहले दूल्हे की सड़क हादसे में मौत, शादी की तैयारी के सिलसिले में गया था नजदीकी गांवचण्डीगढ़ भाजपा को जल्द मिलेगा नया अध्यक्षपुलिस फोर्स तथा मोबाइल फौरेसिंग युनिट को आधुनिक उपकरणों से लैस किया जाएगा: अनिल विज पूर्व प्रधानमंत्री श्रीमति इंदिरा गांधी की 102वी जयन्ती पर श्रद्धासुमन अर्पितदादागिरी पर उतरे ओकेशन मैरिज पैलेस के संचालक,पुलिसकर्मियों व शिकायतकर्ता से मारपीट, 35 पर कटा पर्चाअवैध माइनिंग: गुंडा टैक्स को लेकर प्रशासन हरकत में, माइनिंग में लगी मशीनरी की जब्तप्रधानमंत्री को हिमाचली टोपी पहनाना दस लाख रुपये में पड़ा : कुलदीप राठौर
हिमाचल प्रदेश

मुख्याध्यापक से प्रधानाचार्य पद पर पदोन्नति कोटे में कटौती पर कड़ा विरोध

September 10, 2019 11:04 PM

ज्वालामुखी (विजयेन्दर शर्मा) पदोन्नत प्रवक्ता संघ ने मुख्याध्यापक से प्रधानाचार्य पद पर पदोन्नति कोटे में किसी भी प्रकार की कटौती पर कड़ा विरोध दर्ज किया है इस संदर्भ में संघ के प्रदेश प्रधान रत्नेश्वर सलारिया, महासचिव यशवीर जम्वाल, वित्त सचिव महिंदर गुप्ता और प्रदेश मीडिया प्रभारी विकास धीमान ने कहा है कि मात्र 4500 की संख्या वाला स्कूली प्रवक्ता संघ सरकार के सामने गलत आंकड़े प्रस्तुत कर उसे गुमराह कर रहा है। संघ के नेताओं ने दो टूक शब्दों में कहा कि सीधी भर्ती वाले स्कूली प्रवक्ताओं के बहकावे में आकर अगर यदि 26000 के टीजीटी कैडर के हितों से खिलवाड़ किया गया तो इसके लिए सरकार का कड़ा विरोध किया जाएगा ।
संघ के नेताओं के अनुसार स्कूली प्रवक्ता संघ सरकार के सामने अपना 18000 का आंकड़ा प्रस्तुत करता है जिसमें वह 9000 पदोन्नत स्कूल प्रवक्ता व 4000 पीटीए पैरा और एसएमसी प्रवक्ता को भी शामिल कर रहा है जबकि इन दोनों श्रेणियों के अपने संगठन और अपनी मांगे हैं तथा वे स्कूली प्रवक्ता संघ के सदस्य तक नहीं हैं।
स्कूली प्रवक्ता संघ सरकार के सामने यह जताने की कोशिश कर रहा है कि वर्तमान में प्रधानाचार्य के 1852 पदों में से 50 : 50 के आधार पर 926 पद 845 मुख्य अध्यापकों के हिस्से में आते हैं। लेकिन वास्तविकता यह है कि इन 845 मुख्य अध्यापकों के पीछे 26000 का टीजीटी फीडिंग काडर है।जिसमें 16250 टीजीटी, 9000 पदोन्नत स्कूल प्रवक्ता और 845 मुख्य अध्यापक शामिल हैं। वर्तमान में इस काड़र के लिए पदोन्नति के अवसर 3% हैं यही कारण है कि एक टीजीटी को 26 वर्षों की सेवा काल के बाद भी पदोन्नति नसीब नहीं हो रही है।
इस संदर्भ में संघ के पदाधिकारियों का कहना है कि टीजीटी कैडर की 26000 की संख्या को मध्य नजर रखते हुए मुख्य अध्यापक से प्रधानाचार्य पद पर पदोन्नति कोटे को फीडिंग कैडर की संख्या को ध्यान में रखते हुए 95 : 5 के अनुपात में मुख्य अध्यापकों के पक्ष में किया जाए। ताकि य काडर जो छठी से लेकर 12वीं कक्षा स्कूल में अध्यापन कार्य करवाता है अपने आप को शिक्षा विभाग में उपेक्षित न समझे ।
संघ कहा है कि स्कूली प्रवक्ता की त्रुटिपूर्ण वरिष्ठता सूची जोकि नियमानुसार 1:1 के आधार पर नहीं है। प्रवक्ता से प्रधानाचार्य पद पर पदोन्नति का 99% हिस्सा सीधी भर्ती वाले प्रवक्ता ही ले जाते हैं। क्योंकि पदोन्नत प्रवक्ता वरिष्ठता सूची में उनके काफी समय बाद आते हैं ।
अतः उनका संघ मुख्याध्यापक से प्रधानाचार्य पद पर पदोन्नति कोटे में किसी भी प्रकार की कमी का कड़ा विरोध करता है।
प्रदेश अध्यक्ष रत्नेश्वर सलारिया ने कहा है कि वे टी जी टी कैडर के पदोन्नति कोटे में किसी भी प्रकार की कटौती का कड़ा विरोध करेंगे तथा सरकार से इस टी जी टी कैडर की संख्या को ध्यान में रखते हुए इस पदोन्नति कोटे को 95:5 के अनुपात में मुख्य अध्यापकों के पक्ष में करने का अनुरोध किया है

कुछ कहना है? अपनी टिप्पणी पोस्ट करें
 
और हिमाचल प्रदेश ख़बरें
प्रधानमंत्री को हिमाचली टोपी पहनाना दस लाख रुपये में पड़ा : कुलदीप राठौर प्रदेश पब्लिक सर्विस कमीशन मेंबर रचना गुप्ता की गलोबल इन्वैस्टर मीट में मौजूदगी से मचा बवाल आरसीईपी में शामिल ना होना किसानों, नौजवानों और एमएसएमई के हक़ में: ठाकुर कांग्रेस सरकार के समय पुनर्नियुक्तियों पर आलोचना करने वाली भाजपा आज उसी रास्ते पर चली-दीपक शर्मा पालमपुर को शीघ्र दिया जाएगा नगर निगम का दर्जा: सरवीन चौधरी हिमाचल में क्या राजनीतिक नेतृत्व ख़त्म हो चुका जो पीएम और केंद्रीय मंत्रियों से अफ़सर बैठकें कर रहे: महेश्वर चौहान ई कॉमर्स के अनैतिक व्यापार ने तोड़ी व्यापारियों की कमर पर्यावरण को बचाने के लिए निकाली रैली लॉरेट फार्मेसी संस्थान कथोग में पांच दिवसीय इंस्पायर" कैंप सम्पन्न "इंस्पायर" कैंप में छात्र छात्राओं ने रसायन विज्ञान और नैनो साइंस के तथ्यों को जाना