ENGLISH HINDI Tuesday, February 25, 2020
Follow us on
 
ताज़ा ख़बरें
टीचर्स ने एग्जाम में नहीं दी ड्यूटी, अब बोर्ड ने बच्चों को जारी नहीं किए रोलनंबर: कुलभूषण शर्माफाइल पर देरी के लिए संबधित अधिकारी की जिम्मेदारी सुनिश्चित की जाएअखिल भारतीय पुलिस कुश्ती प्रतियोगिता में भाग लेने पहुंचे देशभर से खिलाड़ीपूर्व CIC हबीब उल्लाह ने सुप्रीम कोर्ट में कहा, शाहीन बाग शांतिपूर्ण सभा का संगमदृष्टि पंजाब ने 23 विद्यार्थी किए 11.50 लाख के अवार्ड से सम्मानितसोलन की पूर्व विधायक मेजर कृष्णा मोहिनी का निधन मूलभूत सुविधाएं न मिलने को लेकर शिवालिक निवासियों ने खोला कॉलोनाइजर के खिलाफ मोर्चाविशाल परमार बने मिस्टर चंडीगढ़: रीटा देवी ने जीता मिस चंडीगढ़ का खिताब
हरियाणा

पंजाब की सर्वदलीय बैठक के बयान का कोई औचित्य नहीं: मुख्यमंत्री

January 24, 2020 10:30 AM

चंडीगढ़, फेस2न्यूज:
हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल ने पंजाब राज्य की सर्वदलीय बैठक में एसवाईएल को लेकर लिए गए निर्णय के संबंध में कहा कि मुझे आशा है कि अब सुप्रीम कोर्ट का निर्णय जल्द ही आ जाएगा, क्योंकि सुप्रीम कोर्ट के एग्जिक्यूशन ऑर्डर में इतना ही था कि आपसी सहमति से कोई न कोई रास्ता निकाला जाए।
मुख्यमंत्री पत्रकारों के सवालों का जवाब दे रहे थे। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने पंजाब और हरियाणा राज्य को आपसी समझदारी से सौहार्दपूर्ण समाधान निकालकर एसवाईएल का निर्माण करने के लिए कहा था, लेकिन पंजाब की सर्वदलीय बैठक में एक यह बात निकल कर आ रही है कि उन्होंने (पंजाब) ने अपनी स्टेट का निर्णय तो ले लिया है और जब यह निर्णय सुप्रीम कोर्ट में जाएगा तो अब निश्चित रूप से सुप्रीम कोर्ट अपना निर्णय जल्द देगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनके (पंजाब) किसी भी प्रकार के बयान का कोई औचित्य नहीं है, क्योंकि एक समझौता हुआ है और समझौते को मान्यता मिली हुई है तथा सुप्रीम कोर्ट ने निर्णय भी दिया हुआ है, अब केवल सुप्रीम कोर्ट के निर्णय को एग्जिक्यूट करवाने के लिए स्वयं सुप्रीम कोर्ट ने एक अपना एग्जिक्यूशन ऑर्डर देना है, लेकिन अब लगता है कि पंजाब सौहार्दपूर्ण समाधान के फैसले से बैकआउट कर गया है, तो निश्चित रूप से सुप्रीम कोर्ट अब जल्द निर्णय देगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पानी मिलना है या नहीं मिलना है, एसवाईएल बननी है या नहीं बननी है, इन बातों का निर्णय हो चुका है। उन्होंने कहा कि अब केंद्र सरकार की ओर से भी सुप्रीम कोर्ट में एक एफिडेविट जाएगा कि हम प्रयत्न कर चुके हैं और सहमति नहीं बन रही है, अब तो केवल किस प्रकार से कौन बनाएगा, इस पर बात होनी है।
एक अन्य प्रश्न के उत्तर में मुख्यमंत्री ने कहा कि एसवाईएल को लेकर अब तक जो समय बर्बाद हो रहा था, वो अब नहीं होगा और इसका लाभ निश्चित रूप से हरियाणा को मिलेगा।

कुछ कहना है? अपनी टिप्पणी पोस्ट करें
 
और हरियाणा ख़बरें
टीचर्स ने एग्जाम में नहीं दी ड्यूटी, अब बोर्ड ने बच्चों को जारी नहीं किए रोलनंबर: कुलभूषण शर्मा फाइल पर देरी के लिए संबधित अधिकारी की जिम्मेदारी सुनिश्चित की जाए अखिल भारतीय पुलिस कुश्ती प्रतियोगिता में भाग लेने पहुंचे देशभर से खिलाड़ी किसानों की आय को दोगुना करने के लिए अनेक नवीन और महत्वाकांक्षी योजनाएं आपातकालीन रोगियों के लिए मार्ग उपलब्ध करवाने के लिए स्वीकृति मरीजों के साथ हो रहा है खिलवाड़ पीजीआई रोहतक में महापुरुषों की जयंतियां उनके जीवन पर शिक्षाओं पर कार्यक्रम आयोजित करके मनाई जाए: मुख्यमंत्री फाइनेंस कंपनी का कर्मी बता वाहन चोरी की वारदातों को दिया अंजाम, पुलिस के हत्थे चढा पुलवामा हमले की बरसी पर राहुल गांधी का ट्वीट शर्मनाक: मलिक जनगणना: मकान सूचीकरण कार्य 1 मई से 15 जून तक