सेक्टर 28 और 29 के खाली पड़े सैंकड़ो सरकारी मकान बने नशेड़ियों और चोरों के अड्डे
चण्डीगढ़ : कहने को शहर के 1 से लेकर 30 तक के सेक्टर हेरिटेज का दर्जा प्राप्त हैं, परन्तु सेक्टर नंबर 28 और 29 के हालत देख कर तो ऐसा बिल्कुल भी नहीं लगता। सेक्टर 28-बी और सेक्टर 29-सी में सैकड़ों की संख्या में खाली पड़े सरकारी मकान असामाजिक तत्वों के ठिकाने बने हुए हैं। यहां बड़ी संख्या में नशे के इस्तेमालशुदा इंजेक्शन, चिट्टे की पुड़ियां आदि एवं कंडोंम मिले पाए गए।
आज आम आदमी पार्टी (आप) के व्यापारी विंग, चण्डीगढ़ के उपाध्यक्ष तरसेम मित्तल ने आज इन क्षेत्रों में दौरा किया और यहां आयोजित प्रेस वार्ता में पत्रकारों को जमीनी हकीकत से अवगत कराया। तरसेम मित्तल ने कहा कि शहर में बढ़ते नशे और कानून व्यवस्था के मुद्दे पर प्रशासन को जगाने के लिए उन्होंने ये एक विशेष मुहिम की शुरुआत की है।
तरसेम मित्तल ने बताया कि हाल ही में उन्होंने चंडीगढ़ के सेक्टर 28 और सेक्टर 29 का दौरा किया था जिस दौरान चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। दोनों सेक्टरों को मिलाकर बिजली कॉलोनी और प्रेस साइट के लगभग 500 सरकारी मकान पूरी तरह से खाली पड़े हैं। देखरेख के अभाव में इन खाली पड़े मकानों को अब नशेड़ियों और चोरों ने अपने सुरक्षित अड्डों में तब्दील कर लिया है। मित्तल ने वहां की बदहाली का विवरण देते हुए कहा कि इन खाली मकानों से बिजली के मीटर, पानी के पाइप और लोहे की ग्रिलें तक चोरी हो चुकी हैं। सड़कों, आंतरिक रास्तों और पार्कों की स्थिति बेहद दयनीय है। चारों तरफ बड़ी-बड़ी घास और झाड़ियाँ उग आने से यह इलाका पूरी तरह जंगल में तब्दील हो चुका है।असामाजिक तत्वों के जमावड़े के कारण स्थानीय निवासियों और व्यापारियों में असुरक्षा का माहौल बना हुआ है।
तरसेम मित्तल ने चंडीगढ़ प्रशासन से पुरजोर मांग की है कि स्थिति की गंभीरता को देखते हुए इन दोनों सेक्टरों के प्रभावित इलाकों में जल्द से जल्द फेंसिंग करवाई जाए। इसके साथ ही, स्थानीय नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुलिस की पैट्रोलिंग को तुरंत बढ़ाया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर प्रशासन ने इस पर जल्द कोई कदम नहीं उठाया, तो पार्टी जनहित में इस मुहिम को और तेज करेगी।
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