Monday, 20 April 2026
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प्रधानमंत्री की प्रेरणा से बनाई कचरा निपटान मशीन में दूसरे राज्य व देश दिखा रहे रुचि : स्थानीय स्तर पर बेरुखी से निर्माता निराश

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चण्डीगढ़ : ट्राइसिटी के व्यवसायी अमरदीप शर्मा ने प्रधानमंत्री के मेक इन इंडिया व वोकल फॉर लोकल की प्रेरणा से नवाचार व नवोन्मेष का सहारा लेकर एक ऐसी कचरा निपटान मशीन विकसित की है जो बिना किसी ध्वनि अथवा वायु प्रदूषण के किसी भी प्रकार के गीले या सूखे कचरे को ग्रीन कोल ( हरे कोयले ) में बदल देती है।

इस ग्रीन कोल को ना केवल प्रदूषण मुक्त ईंधन की तरह से इस्तेमाल किया जा सकता है, बल्कि इस सस्ते ग्रीन कोल को सीमेंट के साथ मिक्स करके इंटरलॉक टाइलें आदि भी बनाई जा सकती हैं, जिससे सीमेंट का खर्चा काफी कम रह जाता है।

(MOREPIC1)   अमरदीप शर्मा ने यहां एक प्रेस कांफ्रेंस में पत्रकारों से बातचीत करते हुए बताया कि सारी दुनिया कचरे व वायु प्रदूषण आदि जैसी समस्याओं से जूझ रही है, ऐसे में उन्होंने ऐसी मशीन का विकसित करने का सोचा। इस मशीन की टेक्नोलॉजी पूरे विश्व में केवल उनके पास है।(SUBHEAD)

इस मशीन को अमरदीप शर्मा की ड्रॉस मैनेजमेंट सिस्टम्स एन्ड एनर्जी सोलूशन्स कम्पनी निर्मित कर रही है जिसे देश के अन्य राज्यों बिहार, छतीसगढ़, उत्तराखंड, महाराष्ट्र आदि से तो आर्डर मिल ही रहें हैं, साथ ही कई अन्य यूरोपीय व अमेरिकी देशों में भी रूचि दिखाई जा रही है व बातचीत भी चल रही है, परन्तु स्थानीय स्तर पर इसे प्रशासनिक अधिकारियों की उपेक्षा मिल रही है जिससे उन्हें निराशा है।

चण्डीगढ़ में ये मशीन नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्निकल टीचर्स ट्रेनिंग एंड रिसर्च (एनआईटीटीटीआर) में स्थापित हैं जहां इसे और अधिक कार्यकुशल बनाने पर काम करने के साथ-साथ शोध कार्य भी हो रहा है।

आज पड़ोसी राज्य नेपाल के सिद्धार्थनगर शहर के महापौर अहमद खान ने एक प्रतिनिधिमंडल के साथ इस मशीन की बारीकियां व कार्यप्रणाली समझी व शीघ्र ही अपने शहर में लगाने हेतु चर्चा की।