Wednesday, 24 June 2026
Breaking News
नेक्टर केमिकल फैक्ट्री की भूमिगत पाइपलाइन टूटी, लापरवाही आई सामने, नगरपरिषद के पास रिकॉर्ड तक नहीं रामायण कुशवाहा प्रदेश महासचिव ने रमेश कुमार राजभर को शहीद उधम सिंह जिला का जिला अध्यक्ष नियुक्त किया विश्व संगीत दिवस पर सजा सुरों का उत्सव, कलाकारों ने बिखेरा संगीत का जादू कमांडेंट कमल सिसोदिया ने अधिकारियों एवं जवानों को योगासन, प्राणायाम तथा माइंड योग का अभ्यास कराया राहुल देव बरमन को समर्पित संगीतमयी शाम 28 जून को गवर्नमेंट कॉलेज ने अंतरराष्ट्रीय योग दिवस उत्साह के साथ मनाया हरियाणा लोक भवन में उत्साहपूर्वक मनाया गया 12वां अंतरराष्ट्रीय योग दिवस योगमय वातावरण से सराबोर हुआ सेक्टर-17, गूंजे स्वास्थ्य और साधना के मंत्र दूसरा 'स्वर्गीय रतन लाल कटारिया मेमोरियल नॉर्थ ज़ोन अंडर-14 कंबाइंड बॉयज़ एंड गर्ल्स क्रिकेट टूर्नामेंट' 24 जून से पंजाब के किसानों को पराली जलाने से रोकने के लिए सिर्फ जागरूकता नहीं, बल्कि उन्हें सही समय पर प्रेरित करने की जरूरत: सीईईडब्ल्यू रिपोर्ट
चंडीगढ़ Trending

सिटको के अधिकारियों पर तानाशाही का आरोप

Read in:Hindi

मनमानी करते हुए पिछले तीन दशकों से लॉन्ड्री का काम कर रहे वेंडर को बिना नोटिस व बिना टेंडर के हटाया
सिटको को लीगल नोटिस भेजने के अलावा विजिलेंस को भी शिकायत भेजी

फेस2न्यूज/चण्डीगढ़  

सिटको यानी चण्डीगढ़ इंडस्ट्रियल एंड टूरिज्म डेवलपमेंट कॉरपोरेशन के तीनों होटलों माउंट व्यू, शिवालिक व्यू व पार्क व्यू में कई सालों से लॉन्ड्री का काम सुचारू ढंग से कर रही लिली व्हाइट नामक कंपनी का काम बिना कोई नोटिस अथवा पूर्व सूचना दिए बंद करवा दिया गया है, जिससे कंपनी के अनेक कर्मचारी बेरोजगार हो गए है। इतना ही नहीं, बल्कि कंपनी को भविष्य में टेंडर भरने से भी डिबार कर दिया गया है।

कंपनी के संचालक राजेश कश्यप ने इस बाबत सिटको को लीगल नोटिस भेजने के अलावा चीफ विजिलेंस ऑफिसर को भी शिकायत भेज दी है।

लॉन्ड्री कंपनी के संचालक राजेश कश्यप ने खुलासा किया कि वे पिछले लगभग 30 वर्षों से सिटको का लॉन्ड्री का काम करते आ रहें हैं। यहां तक कि कोरोना काल में जब कोई भी लॉन्ड्री कंपनी सिटको के होटलों में बनाए गए क्वारेंटाईन सैंटर्स में काम करने को तैयार नहीं थी, उस दौर में भी उनकी कंपनी ने जोखिम उठाकर पूरी जिम्मेदारी से वहां काम तो किया ही, साथ ही कोई रेट भी नहीं बढ़ाए। इसके अलावा कोरोना काल में हुए अतिरिक्त खर्च को भी कंपनी ने स्वयं ही वहन किया। परंतु सिटको के अधिकारियों ने इसके लिए उन्हें पुरस्कृत तो क्या करना था, उल्टे मनमानी करते हुए उनका काम ही बंद करवा दिया है।
राजेश कश्यप ने आरोप लगाया कि मौजूदा कंपनी अनाप-शनाप दरों पर काम कर रही है जबकि उनकी कम्पनी की दरें बहुत कम थी।

उन्होंने ये भी आरोप लगाया कि अधिकारियों के साथ मिलीभगत करके अन्य विभागों में भी खेल कर रही है। उन्होंने विजिलेंस से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।