Friday, 09 October 2026
Breaking News
पंचकूला में पहली बार सजेगा ऐतिहासिक गरबा-डांडिया का महा-पंडाल पंजाब विवि के पूर्व रशियन विभागाध्यक्ष डॉ. पंकज मालवीय द्वारा रशियन में अनुदित तीन पुस्तकों का विमोचन प्रभु श्री राम कथा सुनना और सुनाना पूर्व निश्चित होता है और ये अवसर सौभाग्य से ही प्राप्त होता है : आचार्य पंडित ईश्वर चंद्र शास्त्री जी 46वें भव्य रामलीला मंचन की तैयारियां पूरी, आधुनिक तकनीक और भव्य दृश्यों से सजेगा रामलीला मंच इंडियन स्कूल ऑफ बिजनेस के 25 साल पूरे; हर साल 250 स्कॉलरशिप देने और नेशनल रिसर्च प्लेटफॉर्म बनाने की घोषणा "नशा एवं टीबी मुक्त युवा" विषय पर आधारित एनएसएस सात-दिवसीय शिविर का समापन पुलिस वाले ने लड़की छेड़ी, क्या बड़ी बात है? प्राचीन कला केंद्र में कवियों ने बटोरी वाह वाही डिजिटल प्रौद्योगिकी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के समावेश से अपनाकर सुशासन की दिशा में अग्रसर हिमाचल प्रदेश रामलीला मंचन एवं दशहरा महोत्सव की तैयारियां जोरों पर
हिमाचल Trending

यक्ष प्रश्न जो मेरी समझ में नहीं आया

Read in:Hindi

मनमोहन सिंह

आज बैठे बैठे न जाने क्यों मुझे वैसे ही एक घटना याद आ गई जो बरसों पहले मेरे गांव धर्मपुर में घाटी थी। एक रात हमारे बाज़ार की एक दुकान में चोरी हो गई। हमारे लिए यह हैरानी की बात थी क्योंकि हिमाचल प्रदेश में वैसे भी चोरी चाकरी के मामले बहुत कम होते हैं। इसलिए गांव के लोग बाज़ार में इकट्ठे हो गए। पुलिस अपना काम कर रही थी। पर हर कोई चोर की तारीफ कर रहा था।

एक साहब कह रहे थे, ” कुछ भी हो कमाल का चोर है कितनी सफाई से माल उड़ाया है। चौकीदार तक को खबर नहीं लगने दी “। दूसरा कह रहा था, ” देखो जी ताला तोड़ा नहीं पूरी सफाई से खोल दिया। बाहर से तो पता ही नहीं चलता कि अंदर से दुकान खाली हो गई है “। एक और सज्जन बोले, ” अजी मैं रात ग्यारह बजे दिल्ली से आया तब भी सब ठीक ही लग रहा था, मतलब चोरी रात ग्यारह बजे के बाद ही हुई”। मैं चुपचाप खड़ा सुन रहा था कि लोग चोर की तारीफ के पुल बांध रहे थे।

कुछ ने तो यह कहते हुए घर की राह ले ली कि इतने शातिर चोर को पकड़ना पुलिस के बस की बात नहीं। सबके मुंह से चोर के लिए वाह ही निकल रही थी। कोई चोर या चोरी की निंदा नहीं कर रहा था। किसी का ध्यान चोरी पर था ही नहीं। मेरे लिए यह एक यक्ष प्रश्न है कि चोर की तारीफ होनी चाहिए थी या उसके कृत्य की निंदा? मैं आज तक इसी उलझन में हूं कि क्या चोरी की निंदा होनी चाहिए या चोर की निपुणता की तारीफ?

0 Comments