Tuesday, 07 July 2026
Breaking News
चंदे के धंधे में रसीद का क्या काम? कामरेड जगदीश भारद्वाज का जाना एक युग का अंत श्री गुरु रविदास सभा राम दरबार, फेज-1 की कमेटी भंग वुमेन एंड चाइल्ड वेलफेयर सोसायटी के इंटर्न विद्यार्थियों ने एक माह का प्रशिक्षण सफलतापूर्वक किया पूरा पासपोर्ट-बहस के बीच क्या देशव्यापी NRC की तैयारी संभव!  टिहरी गढ़वाल विकास परिषद की नव-निर्वाचित कार्यकारिणी का शपथ ग्रहण समारोह संपन्न सीए देश की आर्थिक मजबूती के प्रमुख स्तंभ, विकसित भारत के निर्माण में निभाएंगे अहम भूमिका: मुख्यमंत्री श्री अमरनाथ यात्रा पर गए एक यात्री की रहस्यमयी मौत मनोरंजन जगत के दिग्गज सितारों से सजा आइकॉनिक गोल्ड स्ट्रीमिंग अवॉर्ड्स 2026 स्वर्गीय ओम प्रकाश गोयल मेमोरियल सीनियर महिला डे/नाइट ट्वेंटी-20 कैश प्राइज़ क्रिकेट टूर्नामेंट का पहला संस्करण अब 8 जुलाई से
हरियाणा Trending

इलैक्ट्रिक सिटी बस सेवा, स्मार्ट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम लागू

Read in:Hindi

चंडीगढ़, फेस2न्यूज:
हरियाणा के मुख्य सचिव संजीव कौशल ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य हाई एक्शन प्लान को जमीनी स्तर पर प्रभावी ढंग से लागू करके वायु प्रदूषण के स्तर में कमी लाना है। इसी कड़ी में राज्य के शहरों में इलैक्ट्रिक सिटी बस सेवा शुरू की जा रही है और स्मार्ट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम क्रियान्वित किया जा रहा है।
मुख्य सचिव पर्यावरण विभाग द्वारा आयोजित एक दिवसीय कार्यशाला को सम्बोधित कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि अब तक 28 लाख वाहनों को चिन्हित कर स्टिकर लगाए गए हैं और प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों पर कार्रवाई की गई है। इसके अलावा, भवन निर्माण एवं तोड़ने से उठने वाले धूल के गुब्बार पर काबू पाने के लिए भी कार्य किया गया है।
मुख्य सचिव ने कहा कि राज्य सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र और आसपास के क्षेत्रों में वायु गुणवत्ता में स्थायी सुधार के लिए बनाई गई नीति के तहत कई कारगर कदम उठाए गए हैं। इस कार्य में प्रदेश के नागरिकों का भी भरपूर समर्थन मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि राज्य में वन एवं पर्यावरण तथा अन्य विभागों के सहयोग से हाई एक्शन प्लान के तहत कार्य किया जा रहा है, जिससे प्रदेश में हरियाली युक्त क्षेत्र बढ़ता जा रहा है। वन विभाग द्वारा ग्रीन हरियाणा के लिए वन कलस्टर बनाए गए हैं। राज्य में हरियाली तथा वृक्षारोपण कार्यक्रमों को बढ़ावा देने के लिए नगर वन और नगर वाटिकाओं का विस्तार किया जा रहा है तथा वृक्षारोपण अभियान के लिए बड़े पैमाने पर जागरुकता अभियान भी चलाये जा रहे हैं।
मुख्य सचिव ने कहा कि पर्यावरण को दूषित होने से बचाने के लिए पराली जलाने पर न केवल सख्त कदम उठाए गए हैं बल्कि आपराधिक कार्रवाई भी अमल में लाई गई है। इसके साथ ही, एक्स-सीटू और इन-सीटू मैनेजमेंट सहित फसल अवशेष प्रबंधन की उचित व्यवस्था की जा रही है। इसके अलावा, राज्य में पटाखे जलाने पर भी प्रभावी ढंग से प्रतिबंध लगाया गया है और उज्ज्वला योजना के तहत गैस कनेक्शन जारी कर राज्य को केरोसिन मुक्त बनाया गया है।
श्री कौशल ने कहा कि प्रदेश में सीएक्यूएम की नीति की सख्ती से पालना की जा रही है। दिल्ली-एनसीआर में मौजूदा वायु गुणवत्ता को ध्यान में रखते हुए, वायु प्रदूषण को बढ़ाने वाले विभिन्न क्षेत्रों को नियंत्रित करने पर बल दिया जा रहा हैै। इसके साथ ही थर्मल पावर प्लांट, स्वच्छ ईंधन और इलेक्ट्रिक गतिशीलता, सार्वजनिक परिवहन प्रबंधन, सड़क यातायात प्रबंधन, हरियाली और पौधारोपण के माध्यम से वायु प्रदूषण को कम करने के उपायों पर भी कार्य किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि उद्योग एवं वाणिज्य विभाग द्वारा औद्योगिक कचरे को जलाने, स्वच्छ ईंधन में परिवर्तन, विद्युत गतिशीलता और जनरेटर सेट के सीमित उपयोग को नियंत्रण किया गया है।