Thursday, 30 July 2026
Breaking News
मुख्यमंत्री ने ‘जाखू मन्दिर-संजीवनी बूटी का रहस्य’ पुस्तक का किया विमोचन गुरु पूर्णिमा पर किन्नर समाज ने साईं बाबा को सोने का छत्र किया अर्पित हरियाणा के खेल मंत्री गौरव गौतम गुरु रविदास नॉर्थ ज़ोन गर्ल्स वॉलीबॉल ट्रॉफी का करेंगे अनावरण पंजाब को इंग्लैंड, फिनलैंड, न्यूजीलैंड आइसलैंड बनाने की जगह आप सरकार ने बना दिया धरना-लैंड, नशा-लैंड, गैंगस्टर-लैंडः ढिल्लों  गुरु रविदास ट्रॉफी: पहला नॉर्थ जोन गर्ल्स वॉलीबॉल कैश प्राइज टूर्नामेंट 18 अगस्त से पंचकूला में संगरूर में भाजपा कार्यालय पर पेट्रोल बम से हमला गौ हत्या बंद कराने और गौ माता को राष्ट्र माता घोषित कराने एडीसी को दिया ज्ञापन नागा पहाड़ियों में विकास परियोजनाएं और अवैध खनन: असम की बाढ़ त्रासदी का कारण ! सप्त शक्ति कमांड में मनाया गया कारगिल विजय क्या अब धर्मपुर में भी किसी की जान जाने का इंतज़ार है?
काम की बातें Trending

जागो ग्राहक जागो : ट्रैफिक पुलिस आपके गाड़ी का चाबी या हवा नहीं निकाल सकती

Read in:Hindi

संजय कुमार मिश्रा /पंचकूला

बहुत बार आपने ऐसा देखा होगा कि वाहन चेकिंग के दौरान या फिर ट्रैफिक नियमों के अनुपालना कराने के दौरान यातायात पुलिस गाड़ियों को रोक लेते हैं, फिर वह नियमों का उल्लघंन करने पर चालान काटते हैं। ट्रैफिक नियमों को बनाए रखने के लिए ऐसा करना जरूरी भी है, लेकिन कई ऐसा देखा जाता है कि इस दौरान कुछ ट्रैफिक पुलिस आपकी गाड़ी की चाबी निकाल लेती है और गाड़ी को किनारे लगाने के लिए कहती है।

ट्रैफिक पुलिस को गाड़ी की चाबी या गाड़ी के टायर की हवा निकालने का अधिकार नहीं
भारतीय मोटर वाहन अधिनियम के अनुसार, ट्रैफिक पुलिस केवल आवश्यक दस्तावेज जैसे ड्राइविंग लाइसेंस, वाहन पंजीकरण, बीमा और प्रदूषण प्रमाण पत्र दिखाने के लिए कह सकती है, लेकिन वे आपकी गाड़ी से चाबी नहीं निकाल सकते हैं और ना ही गाड़ी की हवा निकाल सकते हैं, यदि कोई पुलिसकर्मी ऐसा करता है, तो यह कानून का उल्लंघन है, क्योंकि भारतीय मोटर वाहन अधिनियम के अनुसार किसी भी ट्रैफिक पुलिसकर्मी को गाड़ी से चाबी निकालने या टायर की हवा निकालने का अधिकार नहीं दिया गया है।

क्या करें :

यदि कोई ट्रैफिक पुलिसकर्मी आपकी गाड़ी से चाबी निकालता है या निकालने की कोशिश करता है, या गाड़ी की हवा निकाल देता है तो आप उसके साथ बहस ना करें, बल्कि इसका वीडियो बना सकते हैं और वरिष्ठ अधिकारियों के पास सबूत के साथ शिकायत दर्ज करा सकते हैं, कार्रवाई जरूर होगी, अगर कार्रवाई नहीं हुई तो 10 रुपया खर्च करके अपने सूचना अधिकार का उपयोग करें और आपके शिकायत पर की गई कार्रवाई का पूरा ब्यौरा मांगें, अगर कार्रवाई नहीं हुई तो दर्ज किए गए कारण की सत्यापित प्रतिलिपि एवं उसके समर्थन में संबंधित नियम, कानून, या सरकारी आदेश की कॉपी भी जरूर मांगें। आपका ये 10 रुपया वाला आवेदन आपको न्याय जरूर दिलवाएगा।

चालान कौन कर सकता है : 

भारतीय मोटर वाहन अधिनियम 1932 के मुताबिक, केवल एक सहायक उप निरीक्षक के रैंक का ट्रैफिक पुलिस कर्मी ही आपको यातायात नियमों के उल्लंघन के लिए चालान जारी कर सकता है। इसके अलावा, ASI, उप निरीक्षक और निरीक्षकों के पास ही मौके पर जुर्माना लगाने का अधिकार होता है। वहीं, उनके साथ मौजूद ट्रैफिक कांस्टेबल सिर्फ उनकी सहायता के लिए होता है। ट्रैफिक पुलिसकर्मी केवल तभी चालान काट सकता है जब उसके पास चालान बुक या ई-चालान मशीन हो, और वह वर्दी में हो।

आपके अधिकार :

आपके पास यह अधिकार है कि आप ट्रैफिक पुलिसकर्मी से उसका परिचय पत्र मांगें यदि वह सिविल ड्रेस में है । अगर वो अपना परिचय पत्र नहीं दिखाता है तो आप भी विनम्रतापूर्वक उसे गाड़ी के दस्तावेज दिखाने से मना कर सकते हैं।

इन बातों का भी रखें ध्यान

अगर आप कोई यातायात नियम तोड़ते हैं और चालान की स्थिति बनती है तो उस दौरान यह जरूर देखें कि ट्रैफिक पुलिस के पास चालान बुक या ई-चालान मशीन जरूर हो। इनमें से कुछ नहीं होने पर पुलिस आप पर जुर्माना नहीं लगा सकती है।
अगर ट्रैफिक पुलिस आपका चालान काटती है तो उससे मौके पर रसीद लेना नहीं भूलें। अगर पुलिसकर्मी द्वारा रसीद नहीं दिया जाता है तो आपको चालान अमाउंट देने की जरूरत नहीं है। बिना रसीद के किसी भी तरह का कोई लेन-देन कानूनन वैध नहीं होता है। 

अगर आप अपने वाहन में बैठे हैं और आपकी कार गलत जगह पर खड़ी है तो इस स्थिति में पुलिस आपके वाहन को उठा कर नहीं ले जा सकती है।

जब ट्रैफिक पुलिस आपका चालान जारी करता है और उस दौरान आपके पास जुर्माना नहीं है तो उसे आप बाद में जमा कर सकते हैं। इस स्थिति में कोर्ट की तरफ से चालान जारी किया जाता है। इस दौरान ट्रैफिक पुलिस अफसर आपका ड्राइविंग लाइसेंस अपने पास रख सकता है।