Thursday, 04 June 2026
Breaking News
पासपोर्ट कार्यालय के कर्मचारियों ने सेवा केंद्र में लगाईं मीठे पानी की छबील पत्रकार नव ठाकुरीया को देवर्षि नारद जयंती सम्मान मुर्दा बोले कफ़न फाड़े अहिंसा शिक्षा रत्न अवॉर्ड 2026 में ट्राइसिटी के लगभग 130 मेधावी विद्यार्थियों का हुआ सम्मान बशीर बद्र की ग़ज़लों की हिंदी में पहली किताब अबोहर में हुई थी प्रकाशित स्वर सप्तक कल्चरल सोसाइटी ने आयोजित की रवींद्र-नज़रूल संध्या कुरुक्षेत्र क्रिकेट अकादमी, हरियाणा ने पहली 'श्री माता मनसा देवी ट्रॉफी' अंडर-14 संयुक्त (लड़के/लड़कियां) क्रिकेट टूर्नामेंट का खिताब जीता अलविदा बशीर बद्र उत्तराखंड और पूर्वाेत्तर राज्यों में बादल फटने की घटनाएं बढ़ने की संभावनाः मुख्यमंत्री श्री अमृतेश्वर महादेव मंदिर स्थापना दिवस की धूम : गायक बी प्राक की भजन संध्या में उमड़ा जनसैलाब
हिमाचल Trending

भूस्खलन के कारण वन विभाग कालोनी के कई मकान खतरे में, तुरंत राहत कार्य आरम्भ करने की ज़रुरत

Read in:Hindi

(MOREPIC1)(MOREPIC2) फेस2न्यूज/शिमला

हिमाचल प्रदेश वन विभाग कालोनी खालीनी और चक्कर में भूस्खलन के कारण कई भवन खतरे में आ गए हैं | खालीनी कालोनी में तो एक महीने से अधिक समय हो जाने के बावजूद भी डंगा लगाने का कार्य शुरू नहीं किया गया है, राहत के तौर पर खालीनी के कर्मचारियों को खालीनी विश्राम गृह में रहने की जगह दी गयी है परन्तु लाखों रुपये का कीमती सामान रखने के लिए उनके पास कोई उचित स्थान नहीं है, ऐसे में यदि खतरे की ज़द में आए इन मकानों में कोई नुक्सान होता है तो इन कर्मचारियों को भारी क्षति उठानी पड़ सकती है |

गौरतलब है कि खालीनी कालोनी में एक निजी व्यक्ति द्वारा कालोनी के साथ लगते अपने प्लाट पर कार्य करने के कारण यह भूस्खलन हुआ है | इस भूस्खलन में वन विभाग की लापरवाही इस बात से साबित होती है कि निजी व्यक्ति को खुदाई का कार्य करने से विभाग ने समय रहते नहीं रोका और खुदाई के कारण ज़मीन में रिसाव होने के चलते बहुत बड़ा भाग भूस्खलन की चपेट में आ गया और वन विभाग कालोनी के साथ-साथ अनेक निजी भवन भी खतरे की चपेट में है | यदि भूस्खलन के कार्य वन विभाग कालोनी के ये भवन गिरते हैं तो विभागीय कर्मचारियों के साथ साथ मलबा गिरने के कारण दुसरे मकानों को भी भारी क्षति का सामना करना पड़ सकता है |

उधर दूसरे और चक्कर मुख्य मार्ग से लगते वन विभाग कालोनी के डंगे के खिसक जाने से कालोनी के भवन खतरे में आ गए हैं | यही नहीं जहाँ से डंगा खिसका है उसके ऊपर वाले भाग में कालोनी का पानी का अंडरग्राऊंग टैंक भी है और टैंक के ठीक नीचे से अभी भी जमीन बैठ रही है | हिमाचल प्रदेश वन विभाग के अध्यक्ष प्रकाश बादल ने चक्कर कालोनी का दौरा किया और बताया कि चक्कर के भवन को सुरक्षित करने के लिए तुरंत डंगे का काम किया जाए ताकि भवनों को बचाया जा सके और धीरे-धीरे हो रहे भूस्खलन को रोका जा सके |

एसोसिएशन के अध्यक्ष ने बताया कि हाल ही में ए पी सी सी एफ आर के गुप्ता और हॉफ अजय श्रीवास्तव के ध्यान में भी यह मामला लाया जा चुका है लेकिन अभी तक किसी प्रकार का राहत कार्य शुरू नहीं हुआ है | प्रकाश बादल ने वन विभाग से यह भी आग्रह किया है कि चक्कर कालोनी के मुख्य मार्ग के साथ लगते डंगों को स्मार्ट सिटी के तहत लगाने के लिए एम सी शिमला से भी आग्रह किया जाए | एसोसिएशन भी इस सम्बन्ध में एम सी को पत्र लिख कर आगाह्ज करेगी |

खतरे वाले मकानों को जल्द किया जाए खाली 

हिमाचल प्रदेश मिनिस्ट्रियल स्टाफ एसोसिएशन के अध्यक्ष प्रकाश बादल ने वन विभाग से यह भी आग्रह किया कि भूस्खलन के कारण खलीनी कालोनी के उन कर्मचारियों को खाली मकान तुरंत आऊट ऑफ़ टार्न अलॉट किये जाएं, जिनके मकानों को ख़तरा है, ताकि ये कर्मचारी अपना सामान सुरक्षित जगहों पर रख सकें | एसोसिएशन ने बताया कि प्रकृतिक आपदा के मद्देनज़र इन कर्मचारियों को नियमानुसार आऊट ऑफ़ टार्न मकान दिए जा सकते हैं और विभाग के पास खलीनी में कुछ मकान पहले से खाली हैं |