भारत सरकार के नए दिशा-निर्देशों से ड्रोन क्षेत्र को मिला प्रोत्साहन
चंडीगढ़, आर के शर्मा
चंडीगढ़ इंस्टिट्यूट ऑफ ड्रोन ने कृषि क्षेत्र व कानून व्यवस्था में काम आने वाले ड्रोन तैयार किए हैं। इन ड्रोन्स से किसानों को खेती करने में मदद मिलेगी और साथ ही पुलिस को कानून व्यवस्था में आसानी होगी। हाल ही में हुए ड्रोन एक्सपो-2022 में चंडीगढ़ का प्रतिनिधित्व करते हुए चंडीगढ़ इंस्टिट्यूट ऑफ ड्रोन ने राजस्थान पुलिस को राज्य में कानून व्यवस्था को नियंत्रित रखने के लिए ड्रोन का डेमो दिया।
चंडीगढ़ इंस्टिट्यूट ऑफ ड्रोन के फाउंडर सन्नी कुमार ने बताया कि ड्रोन एक्सपो 2022- जयपुर में देशभर से 50 से ज़्यादा ड्रोन निर्माता अपने ड्रोन डेमो देने के लिए शामिल हुए जिसमें उन्हें चंडीगढ़ का प्रतिनिधित्व करने का मौका मिला। सन्नी के साथ चंडीगढ़ का प्रतिनिधित्व करने मनीष पंडित (सीटीओ), उसामा सिद्दीकी (तकनीकी प्रमुख), मनाल पठानिया (ड्रोन पायलट) और करण चौधरी (एसीआईसी, राइज) पहुंचे। सन्नी ने कहा कि भारत सरकार के नए दिशा-निर्देशों से ड्रोन क्षेत्र में काफी इज़ाफ़ा हुआ ही। भारत सरकार ड्रोन क्षेत्र को आगे लेकर जा रही है जिससे कई अन्य क्षेत्रों के काम में तो मदद मिल ही रही है साथ ही साथ रोजगार के नए अवसर भी बन गए हैं।
उन्होंने बताया कि 'आई-स्टार्ट राजस्थान' के तहत सूचना प्रौद्योगिकी और संचार विभाग ने ड्रोन एक्सपो 2022 का आयोजन किया। इस एक्सपो में विभिन्न क्षेत्रों में ड्रोन की क्षमताओं और असीम संभावनाओं का प्रदर्शन किया गया। सन्नी ने बताया कि चंडीगढ़ में हम किसानों, सेना और पुलिस के लिए अनुकूल ड्रोन डिज़ाइन करते हैं जिससे उन्हें अपना काम करने में पूर्ण रूप से मदद मिले।