Tuesday, 25 August 2026
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युवा पीढ़ी के नशे की चपेट में आने से राष्ट्र कमजोर होता है : कमाण्डेंट सुश्री कमल सिसोदिया

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फेस2न्यूज /चण्डीगढ़ :

नशा-मुक्त भारत अभियान के द्वितीय चरण में भारतीय सांस्कृतिक ज्ञान संस्था के संस्थापक व समाजसेवी अनूप सरीन  ने भारतीय सांस्कृतिक ज्ञान की ओर से श्री गुरू गोबिन्द सिंह सीनियर सैकण्डरी स्कूल, सैक्टर 35-बी में कार्यक्रम आयोजित किया जिसमें बतौर मुख्य अतिथि 13वीं वाहिनी, केन्द्रीय रिजर्व पुलिस बल, सेक्टर 43 की कमाण्डेंट सुश्री कमल सिसोदिया ने बताया कि शत्रु किसी भी देश को कमज़ोर करने के लिए सबसे पहले युवापीढ़ी को नशे की ओर धकेलते हैं। इसलिए यह अति आवश्यक है कि युवा नशामुक्त हों और उनमें अपने देश के लिए समुचित प्रेम हो और युवा देश की सेना और अन्य पैरामिलिट्री फोर्स में भर्ती हो कर देश सेवा के लिए आगे आएं।

युवा किसी भी राष्ट्र की ऊर्जा होते हैं तथा युवाओं की शक्ति का समाज एवं देश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान है। नशीली दवाओं के सेवन से बचने के लिए, यह महत्वपूर्ण है कि लोग नशीली दवाओं के खतरों के बारे में जागरूक हों और स्वस्थ जीवन जीने के लिए विकल्प चुनें। इसमें नियमित व्यायाम करना, स्वस्थ भोजन खाना, पर्याप्त नींद लेना और तनाव का प्रबंधन करना शामिल है। उन्होंने सभी से प्रण करवाया कि वे किसी भी प्रकार के नशे से, चाहे वो इंटरनेट का ही क्यों न हो, दूर रहेंगें। 

इस अवसर पर डॉ. अखिलेश शर्मा, एडीशनल प्रोफेसर, शिशु एवं किशोर मनोरोग चिकित्सा विभाग, पीजीआई ने कहा कि नशीली दवाओं का सेवन एक गंभीर समस्या है जो दुनिया भर में लाखों लोगों को प्रभावित करती है। यह न केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है, बल्कि यह उनके परिवारों और समुदायों के लिए भी विनाशकारी हो सकता है। उन्होंने बताया कि यदि कोई नशीली दवाओं के सेवन के लिए बाध्य करता है तो उसको सख्ती से मना करना चाहिए और अध्यापक या परिजनों को तुरंत सूचित करना चाहिए। 

इस अवसर पर स्कूल की प्राध्यापिका परमिन्दर जीत कौर मान, हरीश चंद्र, अशोक शर्मा, अशोक कुमार मित्रा, सुदर्शन पराशर, हरेन्द्र सिन्हा, विशव गुप्ता, राकेश कनौजिया, नरेश गोयल, शैली गर्ग, वीराध्या एवं अतुल कपूर आदि भी मौजूद रहे।