Friday, 17 April 2026
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निजी अस्पतालों व चिकित्सकों को डेंगू मामलों की सूचना स्वास्थ्य विभाग को देनी जरुरी

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डेराबस्सी, कृतिका:
एसएमओ डॉ. संगीता जैन ने कहा कि डेंगू के बढ़ते मामलों पर अंकुश लगाने के लिए यह जरूरी है कि बुखार से पीड़ित हर मरीज सिविल अस्पताल डेराबस्सी आकर अपने रक्त के नमूने की जांच कराएं ताकि हर संदिग्ध मामले की समय पर पुष्टि हो सके और उसका इलाज शुरू किया जा सके। उन्होंने कहा सिविल अस्पताल डेराबस्सी में डेंगू की जांच व इलाज की सुविधा नि:शुल्क उपलब्ध है। यहां एक विशेष डेंगू वार्ड बनाया गया है जिसमें प्रत्येक बेड के चारों ओर मच्छरदानी लगाकर मरीज का इलाज किया जाता है।
उन्होंने कहा कि डेंगू के लिए निजी तौर पर जिस कार्ड की जांच की जाती है, वह डेंगू की पुष्टि के लिए सही नहीं है। डेंगू की पुष्टि के लिए सरकारी अस्पतालों में किया जाने वाला एकमात्र ईलाइजा टेस्ट ही मान्य है। इसलिए डेंगू के हर मरीज की ईलाइजा टेस्ट के जरिए पुष्टि की जानी चाहिए।
इस मौके पर डाॅ.आशीष गर्ग ने कहा कि डेंगू और मलेरिया को महामारी रोग अधिनियम, 1897 के तहत अधिसूचित किया गया है, जिसके तहत सभी निजी चिकित्सकों को डेंगू और मलेरिया के मामलों की रिपोर्ट स्वास्थ्य विभाग को देनी होगी। अधिसूचना का उल्लंघन करने पर किसी भी अस्पताल के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। उन्होंने कहा कि सिविल अस्पताल डेराबस्सी में डेंगू जांच के लिए आवश्यक किट उपलब्ध हैं।
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग डेंगू के प्रकोप को नियंत्रित करने के लिए उचित कदम उठा रहा है जिसके तहत शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों सहित विभिन्न सरकारी कार्यालयों में डेंगू रोकथाम सर्वेक्षण किया जा रहा है।
स्वास्थ्य विभाग की एक टीम डेंगू के लार्वा की जांच के लिए घरों का दौरा कर रही है और लोगों को सावधानी बरतने के लिए जागरूक कर रही है। उन्होंने आगे कहा कि लोगों को मच्छरों के पनपने के मैदानों जैसे खाली बर्तन, बर्तन, टायर, कूलर आदि में पानी के संचय को रोकने के लिए प्रोत्साहित करने के लिए प्रत्येक शुक्रवार को एक शुष्क दिवस घोषित किया गया है। सप्ताह में एक अंडे से एक पूरा नन्हा मच्छर तैयार हो जाता है। यह मच्छर एक चम्मच पानी में भी पनपता है। यह मच्छर ज्यादातर सुबह और शाम को काटता है। इसलिए पूरी बाजू विशेष रूप से सुबह और शाम के समय पहननी चाहिए ताकि शरीर का कोई भी हिस्सा नग्न न हो जिस पर मच्छर लड़ सकें। रात को सोते समय मच्छरदानी और मच्छर भगाने वाली क्रीम और उपकरणों का इस्तेमाल करना चाहिए।
उन्होंने मीडिया के माध्यम से आम जनता से भी अपील की कि डेंगू से बचाव के लिए हमें अपने घरों, आस-पास और बर्तनों में पानी को खड़ा नही होने देना चाहिए और सप्ताह में एक बार कूलर और फ्रिज की ट्रे को साफ करना चाहिए, यह पूरी तरह से सूखा होना चाहिए। गलियों, नालों और तालाबों पर काले तेल का छिड़काव करना चाहिए।a