Tuesday, 12 May 2026
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मेहनत और प्रतिभा के दम पर दुनियाभर में चमकाया चंडीगढ़ पुलिस का नाम

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. अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गोल्ड व अन्य मैडल कर चुके है अपने नाम, . डी.जी.पी. कर चुके है सम्मानित, . पत्नी व बेटी करते है पूरा सहयोग

चंडीगढ़ : 50 साल की उम्र में कड़ी मेहनत के दम पर पूरी दुनिया में चंडीगढ़ पुलिस का नाम रोशन करने वाले इंस्पेक्टर बलदेव कुमार वैसे तो किसी पहचान के मोहताज नहीं है लेकिन इन दिनों वह 54 साल की उम्र में अपनी बॉडी बिल्डिंग के जुनून के चलते पूरे शहर में सुर्खियों पर है

(MOREPIC1)(MOREPIC2)(MOREPIC3)मौजूदा समय में सेक्टर 34 के थाना प्रभारी इंस्पेक्टर बलदेव कुमार की माने तो उनका कहना है कि एक पुलिसकर्मी का शारीरिक और मानसिक तौर पर मजबूत होना बेहद जरूरी है क्योंकि यदि वह इन दोनों तरह से मजबूत है तो वह अपनी ड्यूडी को बेहद प्रभावशाली तरीके से निभा सकेगा। अंतराष्ट्रीय स्तर पर होने वाले बॉडीबिल्डिंग कंपटीशन में भाग लेकर वह गोल्ड मेडल सहित अन्य कई पदक अपने नाम कर चंडीगढ़ पुलिस का नाम इंटरनेशनल लेवल पर रोशन कर चुके हैं ।

बलदेव कुमार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर होने वाले बॉडीबिल्डिंग कंपटीशन में भाग लेकर एक गोल्ड, मेडल एक ब्राउनस और 2 सिल्वर मेडल अपने नाम कर चुके हैं। उनकी इस मेहनत को देखते ही खुद डीजीपी परवीन रंजन उन्हे सम्मानित कर चुके हैं।

50 की उम्र के बाद बॉडीबिल्डिंग कंपटीशन ने लिया भाग : इंस्पेक्टर बलदेव कुमार एक ऐसी शख्सियत है जिन्होंने एज इज जस्ट अ नंबर कहावत को सार्थक कर दिखाया है 50 साल की उम्र में जब लोग खुद को बुढ़ापे की देहलीज पर खडा बताते हैं उस उम्र में उन्होंने बॉडी बनाने की सोची उन्होंने यह बात अपने मन में नहीं बल्कि उसे सार्थक कर दिखाया अपनी व्यस्ततम ड्यूटी में से अपने शरीर के लिए 1 से 2 घंटे निकाल कर महज 1 साल में ही उन्होंने अपने शरीर को कंपटीशन लड़ने के योग्य बना लिया। 

नरेंद्र भाटिया व अन्य पदाधिकारियों ने  सरोपा भेंट किया 

सेक्टर 34 थाने के नवनियुक्त थाना प्रभारी इंस्पेक्टर बलदेव कुमार को  सेक्टर 46 स्थित श्री सनातन धर्म मंदिर में सेक्टर 46-सी की रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष नरेंद्र भाटिया व अन्य पदाधिकारियों ने स्वागत किया व सरोपा भेंट किया।

अपने कंपटीशन लड़ने की शुरुआत उन्होंने सबसे पहले राष्ट्रीय स्तर पर करते हुए जयपुर वर्ष 2018 में होने वाली ऑल इंडिया पुलिस मीट में भाग लेकर किया इसके बाद उन्होंने 2019 में इंडोनेशिया में हुई एशिया बॉडीबिल्डर चैंपियनशिप में भाग लेते हुए सिल्वर मेडल अपने नाम किया।

(SUBHEAD)इसी वर्ष में उन्होंने साउथ कोरिया में वर्ल्ड बॉडीबिल्डर चैंपियनशिप में भाग लेकर फिर से सिल्वर मेडल अपने नाम किया उन्होंने अपने सफर को सिर्फ सिल्वर मेडल पर विराम ना देते हुए अपनी मेहनत जारी रखी और वर्ष 2021 में उज़्बेकिस्तान स्थित कासगंज में होने वाली वर्ल्ड चैंपियनशिप में भाग लेकर ब्राउंस मेडल हासिल किया इसके बाद वर्ष 2022 में मालदीप में हुई एशिया बॉडीबिल्डर चैंपियनशिप में उन्होंने अपनी मेहनत को चरम पर लाते हुए हुए गोल्ड मेडल अपने नाम किया उन्होंने 2022 में ही थाईलैंड में हुई वर्ल्ड चैंपियनशिप में भाग लिया इस तरह से इंस्पेक्टर बलदेव पिछले कुछ सालों में ही एक गोल्ड, एक ब्राउन और 2 सिल्वर मेडल अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपने नाम कर चुके हैं।

पत्नी और बेटी की तरफ से मिलता है पूरा सहयोग :

इंस्पेक्टर बलदेव कुमार का कहना है कि सुबह 5 बजे उठकर करीब 2 घंटे तक जिम में पसीना बहाने के बाद पूरा दिन निर्धारित समय के अनुसार संतुलित भोजन खाना एक बॉडीबिल्डर के लिए बेहद जरूरी काम होता है इस काम में उनकी पत्नी सुधारानी और बेटी जैस्मिन उनका पूरा सहयोग करती हैं दोनों ही सुबह से लेकर शाम तक का उनका पूरा खाना तैयार कर उनके साथ गाड़ी में रख देती है और इसके बाद जैसे ही उनके खाने का समय होता है उन्हें कॉल करके याद दिला देती हैं कि इतने बजे उन्होंने कौन सी खुराक खानी है इस तरह से पूरा दिन उनकी बेटी और पत्नी संतुलित खाना खाने में उनका पूरा सहयोग करती हैं जिसके चलते ही वह अपनी सेहत का श्रेय कहीं ना कहीं अपनी पत्नी और बेटी को भी देते हैं।

डीजीपी कुछ कर चुके हैं सम्मानित :

50 साल से ऊपर की उम्र में इंस्पेक्टर बलदेव के जज्बे और जुनून को देखते हुए खुद डीजीपी प्रवीण रंजन उन्हें 50 हजार नगद और एक प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित कर चुके हैं इंस्पेक्टर बलदेव का कहना है कि डीजीपी पर वीर रंजन की तरफ से बॉडीबिल्डिंग कंपटीशन में भाग लेने मैं उन्हें पूरा सहयोग मिला है जिसके चलते ही वह चंडीगढ़ पुलिस का नाम कहीं बाहर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोशन कर पाए हैं उन्होंने अपनी मेहनत का श्रेय पुलिस विभाग के आला अधिकारियों के सहयोग ओर हौसला अफजाई को दिया है।

बतौर ए.एस.आई. किया था चंडीगढ़ पुलिस में जॉइन :

जानकारी के अनुसार बलदेव कुमार ने वर्ष 1998 में चंडीगढ़ पुलिस में बतौर असिस्टेंट सब इंस्पेक्टर ड्यूटी ज्वाइन की थी इसके बाद उन्होंने वर्ष 2007 में सब इंस्पेक्टर पद पर प्रमोशन प्राप्त की वर्ष 2015 में वह इंस्पेक्टर के पद पर पदोन्नत किए गए अपने कार्यकाल के दौरान बेहतर काम के चलते हुए हैं शहर की चौकियों और थानों के इंचार्ज रह चुके हैं मौजूदा समय में वह सेक्टर 34 पुलिस स्टेशन में बतौर एसएचओ तैनात है जबकि इससे पहले वह सेक्टर 31 थाने में बतौर एसएचओ अपनी सेवाएं दे चुके हैं इससे पहले वह शहर की टीम चौकियों और थानों के इंचार्ज रहते हैं।(SUBHEAD)