Monday, 12 October 2026
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कैसे सुहाना और सुनहरा है सावन…बता रहे हैं जाने माने ज्योतिषी पंडित सुन्दर लाल भार्गव

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14 जुलाई से 10 अगस्त तक सावन महीने का सुनहरी समय

(MOREPIC1)पंडित सुंदर लाल भार्गव, मो.9811213630

भगवान शिव को सावन का महीना प्रिय होने का कारण यह भी है कि भगवान शिव सावन के महीने में पृथ्वी पर अवतरित होकर अपनी ससुराल गए थे और वहां उनका स्वागत अर्घ्य और जलाभिषेक से किया गया था। माना जाता है कि प्रत्येक वर्ष सावन माह में भगवान शिव अपनी ससुराल आते हैं। भू-लोक वासियों के लिए शिव कृपा पाने का यह उत्तम समय होता है। 14 जुलाई से 10 अगस्त तक सावन महीने का सुनहरी समय है।

और क्या क्या

मरकंडू ऋषि के पुत्र मारकण्डेय ने लंबी आयु के लिए सावन माह में ही घोर तप कर शिव की कृपा प्राप्त की थी, जिससे मिली मंत्र शक्तियों के सामने मृत्यु के देवता यमराज भी नतमस्तक हो गए थे।

पौराणिक कथाओं में वर्णन आता है कि इसी सावन मास में समुद्र मंथन किया गया था। समुद्र मंथने के बाद जो हलाहल विष निकला, उसे भगवान शंकर ने कंठ में समाहित कर सृष्टि की रक्षा की; लेकिन विषपान से महादेव का कंठ नीलवर्ण हो गया। इसी से उनका नाम 'नीलकंठ महादेव' पड़ा। विष के प्रभाव को कम करने के लिए सभी देवी-देवताओं ने उन्हें जल अर्पित किया। इसलिए शिवलिंग पर जल चढ़ाने का ख़ास महत्व है। यही वजह है कि श्रावण मास में भोले को जल चढ़ाने से विशेष फल की प्राप्ति होती है।

इस सावन मास में आप अपने प्रारब्ध कर्मों को ख़त्म कर के अपने भाग्यको कई गुणा बढ़ा सकते हो अपनी मनोकामना पूरी करने का सुनहरी अवसर है ज़्यादा जानने के लिये फोन नंबर 9811213630 पर संपर्क किया जा सकता है।

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