Wednesday, 26 August 2026
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अगर महाभारत को सिर्फ पढ़ना नहीं, अनुभव करना चाहते हैं तो ज्योतिसर का महाभारत अनुभव केंद्र जरूर देखें

चंडीगढ़: अगर आप महाभारत की कथा को सिर्फ पढ़ना या सुनना नहीं, बल्कि उसे आधुनिक तकनीक के जरिए अपने सामने जीवंत होते देखना चाहते हैं, तो कुरुक्षेत्र के ज्योतिसर स्थित महाभारत अनुभव केंद्र आपके लिए खास जगह है। महाभारत और भगवद्गीता की समृद्ध विरासत को समर्पित यह केंद्र हरियाणा के प्रमुख सांस्कृतिक एवं पर्यटन स्थलों में अपनी पहचान बना रहा है।

विभाग के प्रवक्ता ने बताया कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा उद्घाटित महाभारत अनुभव केंद्र का उद्देश्य महाभारत की महाकाव्य कथा और भगवद्गीता की कालजयी शिक्षाओं को पारंपरिक कहानी कहने और आधुनिक तकनीक के मेल से लोगों तक पहुंचाना है। भगवान कृष्ण द्वारा अर्जुन को भगवद्गीता देने से पारंपरिक रूप से जुड़ी पवित्र भूमि ज्योतिसर में विकसित यह केंद्र सांस्कृतिक व्याख्या, अनुभवात्मक शिक्षा और विरासत पर्यटन को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण स्थल है।

प्रवक्ता ने बताया कि करीब 1240 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से निर्मित यह केंद्र लगभग 17 एकड़ में फैला हुआ है और इसमें एक लाख वर्ग फुट से अधिक इनडोर स्थान है। यहां महाभारत के महत्वपूर्ण प्रसंगों को जीवंत बनाने के लिए ऑगमेंटेड रियलिटी (एआर), यूवी लेजर तकनीक, प्रोजेक्शन मैपिंग, होलोग्राफिक प्रस्तुतियों और इमर्सिव विजुअल एक्सपीरियंस जैसी उन्नत तकनीकों का इस्तेमाल किया गया है।

उन्होंने बताया कि केंद्र की इमर्सिव गैलरियों में महाभारत की महत्वपूर्ण घटनाओं, पात्रों और दार्शनिक विषयों को आकर्षक ढंग से प्रस्तुत किया गया है। पारंपरिक कथा और आधुनिक तकनीक का यह मेल आगंतुकों को महाभारत की कथा को एक व्यापक और अनुभवात्मक तरीके से समझने का अवसर देता है। इसकी गैलरियां तीर्थयात्रियों, पर्यटकों, विद्यार्थियों, शोधार्थियों और परिवारों को ध्यान में रखकर तैयार की गई हैं।

प्रवक्ता ने कहा कि महाभारत अनुभव केंद्र भारत की प्राचीन सांस्कृतिक विरासत की समकालीन प्रस्तुति करता है। इसके माध्यम से महाभारत और भगवद्गीता के दर्शन को आधुनिक माध्यम से लोगों के सामने रखने के साथ कुरुक्षेत्र को आध्यात्मिक, सांस्कृतिक और विरासत पर्यटन के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में भी कदम बढ़ाया गया है।

मंगलवार से रविवार सुबह 9 बजे से दोपहर 3 बजे तक आम लोग महाभारत अनुभव केंद्र का भ्रमण कर सकते हैं। सोमवार को केंद्र आम लोगों के लिए बंद रहता है।

*महाभारत की विरासत से नई पीढ़ी को जोड़ना सरकार का उद्देश्य*

हरियाणा पर्यटन विभाग के निदेशक श्री पार्थ गुप्ता ने कहा कि महाभारत अनुभव केंद्र के जरिए महाभारत की समृद्ध विरासत और भगवद्गीता की कालजयी शिक्षाओं को आधुनिक तकनीक और अनुभवात्मक प्रस्तुति के माध्यम से लोगों तक पहुंचाने का प्रयास किया गया है। केंद्र का उद्देश्य सांस्कृतिक व्याख्या और अनुभवात्मक शिक्षा के साथ विरासत पर्यटन को बढ़ावा देना तथा कुरुक्षेत्र को आध्यात्मिक, सांस्कृतिक और विरासत पर्यटन के प्रमुख केंद्र के रूप में और मजबूत करना है।