Wednesday, 19 August 2026
Breaking News
ऐ मेरे प्यारे वतन... आउटसोर्स कर्मचारियों की जॉब सिक्योर पॉलिसी पर स्वास्थ्य मंत्रालय का चण्डीगढ़ प्रशासन को पत्र आयुर्वेद के पुनर्जागरण से नई पीढ़ी जुड़े: गुलाब चंद कटारिया जीएमसीएच-32 का चंडीगढ़ मॉडल बुजुर्गों में डिजिटल स्वास्थ्य साक्षरता को  दे रहा है बढ़ावा “विरसा पंजाब दा” तीज समारोह में सना बनी तीज क्वीन, माही और शिल्पा ने भी जीते खिताब स्वतंत्रता दिवस पर एरोफ्लाई इंटरनेशनल एविएशन अकादमी में रंगारंग कार्यक्रम का आयोजन मेगा एस्ट्रो इवेंट में लोगों ने जाना अपना भविष्य लोक संपर्क में उत्कृष्ट योगदान के लिए सचिन सिंगला सम्मानित गिरफ्तारी को लेकर क्या हैं आपके अधिकार? श्रद्धांजलि : यादों में ज़िंदा एक प्रोफेसर
हिमाचल Trending

मोहन भागवत का हिन्दू मुस्लिम के बढ़ते तनाव सम्बंध में देश को एक शांति मंत्र

Read in:Hindi

पालमपुरख् (विजयेन्दर शर्मा) हिमाचल प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शांता कुमार ने कहा कि संघ प्रमुख श्री मोहन भागवत ने हिन्दू मुस्लिम के बढ़ते तनाव के सम्बंध में देश को एक बहुत बड़ा शांति का मंत्र दिया है। उनकी बातों पर दोंनो धर्माे के प्रमुख नेता गंभीरता से विचार करें। वही सत्य है और उसी से भारत में शांति स्थापित हो सकती है।
उन्होंने कहा भारत सदियों तक गुलाम रहा। विदेशी अताताई आक्रमणकारी देशी के मन्दिरों को उजाड़ते रहे। यह एक इतिहास है इसे बदला नहीं जा सकता है। एक नही बहुत-सी मस्जिदें मन्दिर तोड़ कर बनाई गई है। यदि सभी में शिवलिंग और स्वस्तिक के चिन्ह ढूढ़ने की कोशिश की जाए तो उसका कोई अन्त नहीं है और देश इसी में उलझ जाएगा। भागवत जी का यह सन्देश सभी सुने कि हर मस्जिद में मन्दिर के चिन्ह ढूढ़ने का प्रयत्न न किया जाए। इसी में देश का भला है।
शांता कुमार ने कहा भारत का मुसलमान विदेशी जालिम आक्रमणकारियों की सन्तान नहीं है। आज के भारत का मुस्लमान उन हिन्दूओं की सन्तान है जिन्होंने किसी कारण अपना धर्म बदला था। उच्चतम न्यायालय के मुख्य न्यायधीश मुहम्मद करीम छागला ने यह कहा था- ” मेरी रगों में हिन्दू ऋृशि मुनियों का खून दौड़ता है।“ अर्थात वे उन हिन्दूओं की सन्तान है जिन्होंने पूजा करने का तरीका बदला था। समस्या तब पैदा होती है जब औवेसी जैसे कुछ मुसलमान अपने आप को बाबर और औरंगजेब की सन्तान समझते है। विदेशी आक्रमणकारी तो लूट कर चले गये थे।
उन्होंने कहा भारत में रहने वाले सभी लोग भारत माता के पुत्र हैं और भारतीय है। हिन्दू की भी यहीं परिभाषा है जो इस देश को अपनी मातृभूमि समझता है वह हिन्दू है। पूजा करने का तरीका उसका कोई भी हो। मस्जिद में जाने वाला मुसलमान भी हिन्दू या भारतीय है। शर्त केवल एक है कि भारत को अपनी मातृभूमि समझता हो।
शांता कुमार ने कहा यदि इन बातों को स्वीकार कर लिया जाए तो भारत में कभी कोई हिन्दू मुसलमान विवाद पैदा नही हो सकता है। जैसे हिन्दुओं में शिव भक्त और कृष्ण भक्त अलग होते हुए भी एक है उसी प्रकार देश में हिन्दू मुसलमान भी एक है। इस महामंत्र को समझ कर यह समस्या हमेशा के लिए समाप्त हो सकती है।