Monday, 08 June 2026
Breaking News
हिमाचल महासभा की कार्यकारिणी की बैठक में भावी कार्यक्रमों की रूपरेखा की तय  एस्पायर संस्थान 15 ‘चिल्ड्रन ऑफ द स्टेट’ को प्रदान करेगा निःशुल्क कोचिंग मुख्यमंत्री ने ‘एस्पायर टैलेंट हंट’ का पोस्टर जारी किया प्रथम स्वर्गीय चौधरी भजन लाल ट्रॉफी उत्तर क्षेत्र अंडर-14 संयुक्त लड़के एवं लड़कियों का क्रिकेट टूर्नामेंट 17 जून से पंचकूला में सजा श्री बालाजी महाराज का दिव्य दरबार, महंत दिनेश पुरी महाराज ने श्रद्धालुओं की समस्याओं का किया समाधान किसी को मुझे आज़माना नहीं है प्रत्येक पौधा आने वाली पीढ़ियों के लिए एक स्वस्थ, सुरक्षित और हरित भविष्य की नींव है : कमांडेंट कमल सिसोदिया 5 सिग्नल बटालियन, केरिपुबल, हैल्लोमाज़रा में किया गया वृक्षारोपण डेराबस्सी ओवरब्रिज के नीचे 'अवैध बस्ती', बाथरूम तक बने, प्रशासन ने मूंदी आंखें ओआरसी सैनिक अकादमी के दो छात्रों का राष्ट्रीय सैनिक विद्यालयों में चयन "पेड़-पौधों में भी प्राण हैं,धरती की शान हैं...इनको बचाओ, हरा-भरा बनाओ और स्वस्थ जीवन पाओ"
पंजाब Trending

पराली जलाने की घटनाओं में पिछले वर्ष के मुकाबले 30 प्रतिशत कमी

Read in:Hindi

चंडीगढ़, फेस2न्यूज:
पिछले साल के मुकाबले पराली जलाने के मामलों में करीब 30 प्रतिशत कमी आई बताई जा रही है। पंजाब के मुख्य सचिव विजय कुमार जंजूआ ने कृषि, विज्ञान और तकनीक, पर्यावरण, पेडा के अधिकारियों और डिप्टी कमिश्नरें के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता करते हुए किसानों को पराली ना जलाने के लिए अधिक से अधिक प्रोत्साहित करने और प्रेरित करने के निर्देश दिए। उन्होंने डिप्टी कमिश्नरों को पराली जलाने को रोकने के लिए इस नेक कार्य के लिए योगदान देने वाले किसानों का सम्मान करने के लिए भी कहा।
बैठक दौरान उपायुक्तों ने बताया कि सैटेलाईट सिस्टम द्वारा हर आग की घटना को दिखाया जाता है जबकि वास्तव में राज्य में इस बार बड़े स्तर पर पराली की बेलिंग की गई है और जिस जगह पर बेलिंग के बाद तटबंधों के नज़दीक आग लगाई गई उसे भी सैटेलाईट सिस्टम ने आग का पूरा आँकड़ा पेश कर दिया है।
बैठक दौरान मुख्य सचिव ने कृषि विभाग को हिदायतें जारी की कि 30 नवंबर तक सब्सिडी पर दी गईं मशीनों के पैसे लोगों के खातों में भेजे जाने सुनिश्चित बनाए जाएँ। इसके साथ ही मुख्य सचिव जंजूआ ने कृषि विभाग को हिदायतें जारी की कि पराली की संभाल के लिए ब्लॉक स्तर पर ज़रूरत के अनुसार मशीनों की किस्मों संबंधी पूरा डेटा तैयार करके भेजा जाये। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि पंचायतों और कोऑपरेटिव सोसाइटियों को पराली सँभालने के लिए यंत्र और मशीनें सब्सिडी पर अधिक से अधिक मुहैया करवाई जाएँ।
डिप्टी कमिश्नरों द्वारा दिए गए सुझाव कि पराली सँभालने वाली मशीनों को चलाने के लिए ज्यादा हॉर्सपावर के ट्रैक्टरों की ज़रूरत होती है, जिस पर बैंक लोन नहीं देते संबंधी मुख्य सचिव ने ज्यादा हॉर्सपावर वाले ट्रैक्टरों पर लोन दिलाने के लिए बैंकों के साथ बातचीत करने के लिए सम्बन्धित विभाग के अधिकारियों को निर्देश जारी किये। बैठक में यह भी विचार सामने आया कि उद्योगों द्वारा पराली के इस्तेमाल के लिए राज्य सरकार और किसानों की मदद की जा रही है, इसलिए उद्योगों को सब्सिडी पर बेलर मुहैया करवाने के लिए केंद्र के समक्ष मुद्दा उठाया जायेगा।
इस मौके पर सख़्त निर्देश जारी करते हुए मुख्य सचिव ने कहा कि जिन फर्मों ने पराली की संभाल के समय खऱाब हुई किसानों की मशीनों की रिपेयर नहीं की उनके खि़लाफ़ कार्यवाही की जाये।
मीटिंग के दौरान भठ्ठों में इस्तेमाल के लिए एकत्र की गई पराली को संभालने के लिए तुरंत प्रयास किए जाएँ एवं इस सम्बन्धी दिशा-निर्देश डिप्टी कमिश्नरों को जारी किये गए। गौरतलब है कि 1 मई, 2023 से भठ्ठों में पराली का इस्तेमाल शुरू कर दिया जायेगा।