Sunday, 12 April 2026
Breaking News
विद्यार्थी अपनी क्षमता को पहचाने और दृढ़ संकल्प और आत्मविश्वास के साथ अपने सपनों को साकार करें : डॉ. अनीता खोसला सांसद साहनी के निजी सदस्य विधेयक ऑनलाइन हेट स्पीच (प्रिवेंशन) बिल, 2024 को संसद में प्रस्तुत किए जाने की राष्ट्रपति ने स्वीकृति प्रदान की जीरकपुर के ढकोली में ​खुला बचपन प्ले स्कूल अमरावती क्रिकेट एकेडमी और कुरुक्षेत्र क्रिकेट एकेडमी ने अपने-अपने लीग मैच जीते मठ मंदिर की रथ यात्रा के दौरान हरे कृष्णा-हरे राम व जय राधा-माधव के जयकारों से गूंज उठा शहर श्री साई धाम, सेक्टर 29 में गोपाल काला दही हांडी उत्सव का हुआ आयोजन हल्लोमाजरा में गैस कनेक्शन बंद होने से लोग परेशान, प्रशासन से जल्द समाधान की मांग गौड़ीय मठ का सनातन सेवा में योगदान सराहनीय : गुलाब चंद कटारिया हरियाणा में बड़े पैमाने पर प्रशासनिक फेरबदल, 63 आईएएस और एचसीएस इधर से उधर वैश्विक ऊर्जा संकट: सुखना झील जैसे ध्वनि प्रदूषण मुक्त घोषित क्षेत्र में एयर शो के औचित्य पर सवाल उठाए वसीम मीर ने
कविताएँ Trending

खुद ही रूठे, खुद ही माने, खुद से ही तकरार किया…….

Read in:Hindi

                    ग़ज़ल

खुद ही रूठे, खुद ही माने, खुद से ही तकरार किया
कौन मुहब्बत करता हम से खुद अपने से ही प्यार किया

तेरे ग़म में रोया जब भी रातों को वीरानों में
मेरे अश्क गिरे जिस पर उस ज़र्रे को गुलज़ार किया

याद तेरी जब भी आई सोया नहीं मैं रातों को
तस्वीर उठा तेरी हाथों में उल्फ़त का इज़हार किया

चोट सही, ज़ख्म सहे, पर होठों पर मुस्कान रही
ख़ार चुने सब गुलशन से, फूलों से इनकार किया

तेरी बातें तू ही जाने मैं तो एक मुसाफिर हूं
मैं तो हर उस दर पे ठहरा जिसने भी इसरार किया

                         – मनमोहन सिंह 'दानिश'

*इसरार: अनुरोध, निवेदन, आग्रह