Friday, 12 June 2026
Breaking News
निःशुल्क फाइब्रो स्कैन, मैमोग्राफी एवं स्वास्थ्य जांच शिविर में 152 ने कराई जांच अबोहर में 13 जून को ओबीसी महासम्मेलन रैली आप विधायक की शह पर करोड़ों रुपए की फसलें लूटने का आरोप, मुख्यमंत्री से न्याय की गुहार हिमाचल महासभा की कार्यकारिणी की बैठक में भावी कार्यक्रमों की रूपरेखा की तय  एस्पायर संस्थान 15 ‘चिल्ड्रन ऑफ द स्टेट’ को प्रदान करेगा निःशुल्क कोचिंग मुख्यमंत्री ने ‘एस्पायर टैलेंट हंट’ का पोस्टर जारी किया प्रथम स्वर्गीय चौधरी भजन लाल ट्रॉफी उत्तर क्षेत्र अंडर-14 संयुक्त लड़के एवं लड़कियों का क्रिकेट टूर्नामेंट 17 जून से पंचकूला में सजा श्री बालाजी महाराज का दिव्य दरबार, महंत दिनेश पुरी महाराज ने श्रद्धालुओं की समस्याओं का किया समाधान किसी को मुझे आज़माना नहीं है प्रत्येक पौधा आने वाली पीढ़ियों के लिए एक स्वस्थ, सुरक्षित और हरित भविष्य की नींव है : कमांडेंट कमल सिसोदिया 5 सिग्नल बटालियन, केरिपुबल, हैल्लोमाज़रा में किया गया वृक्षारोपण
कविताएँ Trending

खुद ही रूठे, खुद ही माने, खुद से ही तकरार किया…….

Read in:Hindi

                    ग़ज़ल

खुद ही रूठे, खुद ही माने, खुद से ही तकरार किया
कौन मुहब्बत करता हम से खुद अपने से ही प्यार किया

तेरे ग़म में रोया जब भी रातों को वीरानों में
मेरे अश्क गिरे जिस पर उस ज़र्रे को गुलज़ार किया

याद तेरी जब भी आई सोया नहीं मैं रातों को
तस्वीर उठा तेरी हाथों में उल्फ़त का इज़हार किया

चोट सही, ज़ख्म सहे, पर होठों पर मुस्कान रही
ख़ार चुने सब गुलशन से, फूलों से इनकार किया

तेरी बातें तू ही जाने मैं तो एक मुसाफिर हूं
मैं तो हर उस दर पे ठहरा जिसने भी इसरार किया

                         – मनमोहन सिंह 'दानिश'

*इसरार: अनुरोध, निवेदन, आग्रह